राष्ट्रीय स्वास्थ्य

Bird Flu का कहर जारी दिल्ली में भी सामने आये मामले

देश में कोरोना महामारी के बीच अब एक और समस्या ने कुछ राज्यों का रुख किया है|  केरल, राजस्थान, मध्य प्रदेश और हिमाचल प्रदेश में Bird Flu के बढ़ते मामलो ने राज्यों को भयभीत कर रखा है|

इन राज्यों में सामने आये Bird Flu के मामले

हालंकि देश में बर्ड फ्लू के मामले अभी सिर्फ चार राज्यों में ही पाए गए है लेकिन केंद्र सरकार ने इस मामले पर गंभीरता दिखाते हुए सभी राज्यों को Bird Flu से जुडी सावधानियो को बरतने और भविष्य में इस समयस्या से निपटने के लिए सभी जरूरी तैयारियों के आदेश दिए है|

केंद्र सरकार ने बृहस्पतिवार को कहा कि अभी तक केवल केरल, राजस्थान, मध्य प्रदेश और हिमाचल प्रदेश में बर्ड फ्लू की पुष्टि हुई है, लेकिन सभी राज्यों को किसी भी अकस्मात स्थिति के लिए तैयार रहना चाहिए। केंद्र की ओर से राज्यों से पीपीई किट और अन्य आवश्यक उपकरणों का पर्याप्त भंडार सुनिश्चित करने को कहा गया है।

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साथ ही राज्यों को जनता के बीच यह जागरूकता फैलाने को भी कहा गया है कि उबालने या पकाने के बाद ही ‘‘पॉल्ट्री’’ उत्पादों का सेवन करना सुरक्षित है।

केरल के प्रभावित जिलों में संकमित पक्षियों को मारा जा रहा है।” बैठक में इस बात पर जोर दिया गया कि जल स्रोतों, जीवित पक्षी के बाजारों, चिड़ियाघर, पॉल्ट्री फार्म आदि के आसपास निगरानी बढ़ाने के अलावा पक्षियों के शवों का उचित निपटारा और पॉल्ट्री फार्मों में जैव सुरक्षा को मजबूत करना सुनिश्चित किया जाना चाहिए।

इस बीच, बर्ड फ्लू से प्रभावित राज्यों–केरल, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश में निगरानी और बीमारी की जांच के लिए केंद्र की ओर से दो टीमों को तैनात किया गया है। इसके अलावा, राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने सभी राज्यों के स्वास्थ्य विभाग, पशुपालन विभाग और राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरणों के अधिकारियों के साथ बैठक की और तैयारियों का जायजा लिया और प्रभावित क्षेत्रों में गहन निगरानी की सलाह दी। मत्स्य पशुपालन और डेरी मंत्रालय ने अपने बयान में कहा की उनसे अन्य राज्यों में भी पक्षियों की असामान्य मौत पर नज़र रखने को भी कहा गया है|

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Bird Flu के बढ़ते मामलों को लेकर केंद्र ने उठाया ये कदम

स्वास्थ्य मंत्रालय ने गुरुवार को कहा की बर्ड फ्लू पर निगरानी रखने के लिए केंद्र सरकार की तरफ से टीम गठित की गई है  इसके अलावा, राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने सभी राज्यों के स्वास्थ्य विभाग, पशुपालन विभाग और राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरणों के अधिकारियों के साथ बैठक की और तैयारियों का जायजा लिया और प्रभावित क्षेत्रों में गहनता से निगरानी की सलाह दी।

यहाँ सरकारों के लिए घबराने वाली इसलिए भी है क्योँकि भारत ने 30 सितम्बर 2020 को बर्ड फ्लू की इस बीमारी से खुद को मुक्त घोषित किया था| ऐसे में भारत में दुबारा बर्ड फ्लू के मामलो का सामने आना परेशान करने वाला है आपको ये भी बता दे की भारत में बर्ड फ्लू का सबसे पहला मामला साल 2006 में सामने आया था|

आपको बता दे की केरल, हरियाणा, राजस्थान, मध्य प्रदेश और हिमाचल प्रदेश से मुर्गी, कौआ और प्रवासी पक्षियों की असामान्य मौत होने की सूचना मिली है। केरल के प्रभावित जिलों में संकमित पक्षियों को मारा जा रहा है।

कुछ राज्य में तो Bird flu को लेकर हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है, जबकि  राजस्थान में बर्ड फ्लू के बढ़ते मामलों के कारण धारा 144 लागू कर दी गई है। वहीं हिमाचल में मछली, मुर्गे व अंडों की बिक्री पर रोक लगा दी गई हैं।

दिल्ली में भी सामने आये Bird Flu के मामले 

इस मामले में अब अगर दिल्ली की बात करे तो दिल्ली के आसपास भी बर्ड फ्लू के मामले पाए गए है जिसके बाद दिल्ली सरकार ने भी इसपर कुछ आवश्यक कदम उठाये है|

दिल्ली सरकार के पशुपालन विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक राजधानी में किसी भी बर्ड फ्लू के खतरे से निपटने के लिए एहतियात के तौर पर 11  रैपिड रेस्पांस टीमों का गठन किया गया है|

इन रैपिड रेस्पांस टीमों को निर्देश दिया गया है कि वह दिल्ली के बड़े जलाशयों, बर्ड सेंचुरी, चिड़ियाघरों खासकर उन इलाकों में जहा बत्तख की संख्या ज्यादा है, वहां नजर रहे और अवश्यक जाँच भी की जाये आपको बता दे दिल्ली में नवंबर से मार्च के बीच बड़ी संख्या में प्रवासी पक्षी आते हैं इसलिए जैव विविधता पार्क जैसे इलाकों में भी निगरानी बरतने के निर्देश जारी किये गए है|

रिपोर्ट – पूजा पाण्डेय

मीडिया दरबार

 

 

 

 

 

 

 

 

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